उत्तर क्वींसलैंड के सुदूर उत्तरी क्षेत्र में रहने वाले प्रशांत द्वीपीय यानी पैसिफ़िका समुदायों ने, PALM योजना के प्रतिभागियों और साउथ सी आइलैंडर समुदाय के साथ मिलकर, इनिसफेल शहर में आयोजित वार्षिक पैसिफ़िका उत्सव में भाग लिया।
इनिसफेल का यह उत्सव पैसिफ़िक ऑस्ट्रेलिया लेबर मोबिलिटी (PALM) योजना के तहत हाल ही में ऑस्ट्रेलिया आए श्रमिकों को अपने-अपने प्रशांत द्वीपों से आए अन्य कामगारों से मिलने और जुड़ने का अवसर देता है।
इनोक ड्रेउड्रेउ फिजी से नौ महीने के अनुबंध पर इनिसफेल के एक केले के बागान में काम करने आए हैं। उत्सव में आए लोगों के लिए नारियल काटते समय SBS Our Pacific ने उनसे बातचीत की।
एक पैसिफ़िक के तौर पर आनंद ले सकते हैं।इनोक ड्रेउड्रेउ
उन्होंने कहा, “हमें खुशी है कि हम काम से कुछ समय निकालकर यहां आए हैं और प्रशांत समुदाय के रूप में मिलकर इस उत्सव का आनंद ले रहे हैं।”
ड्रेउड्रेउ क्वींसलैंड में अनुबंध पर काम करने आए पैसिफ़िक आइलैंड श्रमिकों की नई पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करते हैं।
हालांकि, इसका इतिहास काफ़ी पुराना है। 1800 के दशक के उत्तरार्ध में 60,000 से अधिक प्रशांत द्वीपीय लोगों को ऑस्ट्रेलिया लाया गया था। इनमें से कई ने क्वींसलैंड के गन्ना उद्योग में काम किया।
बंधुआ मजदूरी की इस व्यवस्था को ‘ब्लैकबर्डिंग’ कहा जाता था। लेकिन 1901 में पारित एक कानून के बाद यह व्यवस्था समाप्त होने लगी। इसके बाद प्रशांत द्वीपीय लोगों को जबरन उनके देशों में वापस भेजने का सिलसिला शुरू हुआ और केवल कुछ हजार लोग ही ऑस्ट्रेलिया में रह पाए।
टाना मेरी आत्मा है।सोन्या बड
सोन्या बड अपनी विरासत को वानुआतु के टाना द्वीप से जोड़ती हैं। वे नौटा और कोरोवा समुदायों की वंशज हैं। उनका कहना है कि उनके ऑस्ट्रेलिया में बसे विस्तारित परिवार ने वानुआतु में कई विकास परियोजनाओं पर काम किया है।
उन्होंने कहा, "टाना मेरी आत्मा में बसता है। यही हमारी पहचान है, यही हम हैं।"
कई पैसिफ़िका समुदायों के लिए उनकी पहचान का गहरा संबंध चर्च से जुड़ा है। लेकिन केर्न्स की पादरी एटेरेई वैएले, जिनकी पारिवारिक पृष्ठभूमि समोआ और नियू से जुड़ी है, कहती हैं कि उन्होंने हाल के वर्षों में चर्च आने वाले लोगों की संख्या में कमी देखी है।
हमें यहां की विविधता से प्रेम है।पादरी एटेरेई वैएले
उन्होंने कहा, "हम बस इतना कर सकते हैं कि अपनी-अपनी तरह से ईश्वर के करीब आने की कोशिश करें और यहां मौजूद अलग-अलग संस्कृतियों की विविधता और धर्म को देखने के उनके अपने नज़रिए का सम्मान करें।"
आस्था, विरासत और संस्कृति आज भी उत्तर क्वींसलैंड के सुदूर उत्तरी क्षेत्र में विकसित हो रहे पैसिफ़िका समुदायों की पहचान के महत्वपूर्ण आधार बने हुए हैं।
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