भारत में उज्जैन से ऑस्ट्रेलिया के मेलबोर्न शहर में आकर बसी डॉ सरिता बोरलिया मेकहार्ग कई वर्षों से मालवा लोक गीतों और भजन की संगीत परंपरा कोआगे बढ़ाने कीकोशिश कर रहीं हैं.
वीडियो देखें: मालवा लोक गीत
मेलबोर्न में डॉ सरिता बोरलिया हाल ही में फेडरेशन स्क्वायर पर हुए दिवाली मेले में कुछ चुनिंदा भारतीय संगीत से जुड़े कलाकारों के साथ सितार बजाती नज़र आयी थी.
वीडियो देखें: फेडरेशन स्क्वायर दिवाली मेला
मालवा के पारंपरिक गीतों के प्रसार और संरक्षण के लिये डॉ सरिता बोरलिया मेकहार्ग ने एकपुस्तक भी प्रकाशित की है - Hirasingh Borliya: Traditional Folk Songs of Malwa.
वह बताती हैं की इस पुस्तक में मालवा के कई प्रकार के रीति -रिवाजों, लोकाचारों के साथ-साथ निर्गुण पंथ से जुड़े संसार का विरल अनुभव पाया जा सकता है.
यह पुस्तक हिंदी और अंग्रेजी में लिखी गई है.
इस पुस्तक में माता पूजन, गणेश पूजन, भगवान राम, भगवान कृष्ण, गोरखनाथ, मत्स्येंद्रनाथ, भरथरी के साथ विवाह नृत्य गीत संजोए गए हैं.
वीडियो देखें : कजरी गीत
डॉ सरिता बोरलिया मेकहार्ग के अब तक के सफर और ऑस्ट्रेलिया में भारतीय लोकगीतों की परंपरा को बढ़ावा देने हेतु उनके प्रयासों के बारे में सुनिये अमित सारवाल के साथ उनकी इस ख़ास बातचीत.





