उत्तर प्रदेश के कानपुर के रहने वाले रामनाथ कोविंद दलित समाज से आते हैं. रामनाथ कोविंद को वकालत का लंबा अनुभव है. वे सुप्रीम कोर्ट और दिल्ली हाईकोर्ट में 16 साल तक वकालत कर चुके हैं.
राम नाथ कोविंद यूपी से दो बार साल 1994-2000 और साल 2000-2006 के दौरान राज्यसभा सांसद रह चुके हैं. वे बीजेपी के प्रवक्ता भी रह चुके हैं. इसके अलावा श्री कोविंद 1998 से 2002 तक बीजेपी के दलित मोर्चा के प्रेसिडेंट भी रह चुके हैं.
बीजेपी और एनडीए को उम्मीद है कि अनुसूचित जाति वर्ग से जुड़े होने के कारण कोविंद के नाम पर वो कांग्रेस सहित विपक्ष की सहमति भी हासिल करने में सफल रहेंगे.



