अपनी खुद की पहचान, शिनाख्त कितनी ज़रूरी है ? इस विचार पर शोर देते हुए SBS TV और रेडियो पर भी हम अपनी पहचान पर श्रृंखला चला रहे हैं। कौन हैं हम? खान से आये हैं? ऑस्ट्रेलिया जैसे बहुसांस्कृतिक राष्ट्र में रहकर एक ऑस्ट्रेलियाई होने की क्या मैंने है ? ज़रा सोचिये!इंसान खुद को अपनी जड़ों से जुदा नहीं कर सकता. उदाहरण ले लीजिए मूल इतालवी फैशन गुरु कार्ला जम्पाटी का।
अपनी खुद की पहचान, शिनाख्त कितनी ज़रूरी है ? इस विचार पर शोर देते हुए SBS TV और रेडियो पर भी हम अपनी पहचान पर श्रृंखला चला रहे हैं। कौन हैं हम? खान से आये हैं? ऑस्ट्रेलिया जैसे बहुसांस्कृतिक राष्ट्र में रहकर एक ऑस्ट्रेलियाई होने की क्या मैंने है ? ज़रा सोचिये!इंसान खुद को अपनी जड़ों से जुदा नहीं कर सकता. उदाहरण ले लीजिए मूल इतालवी फैशन गुरु कार्ला जम्पाटी का।