फ़ेडरल सरकार ने एक संसद के एक विस्तारित सत्र में ग्रीन्स, क्रॉसबेंचर टैमी टायरेल और स्वतंत्र सीनेटर डेविड पोकॉक के समर्थन से ऊर्जा राहत विधेयक पारित करा अब उसे कानून बना लिया है। इसके अंतर्गत अब गैस और कोयले की अधिकतम सीमा तय की जा सकेगी और ऊर्जा बिलों पर भी राहत दी जा सकेगी। लेकिन विपक्ष का मानना है कि इस कानून के दूरगामी परिणाम ऑस्ट्रेलिया के बाजार पर भारी पड़ेंगे। क्या है इस कानून की बारीकियां, और क्यों विपक्ष है इसके विरोध में? जानिए इस रिपोर्ट में।
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