इस साल के पहले महीने में ऑस्ट्रेलिया में सिर्फ 360 विदेशी छात्र आए। पिछले साल यानी 2020 में इसी महीने में 91,250 छात्र आए थे। यानी इस साल जनवरी में 99.6 प्रतिशत छात्र कम आए।
मुख्य बातेंः
- इस साल के पहले महीने में ऑस्ट्रेलिया में सिर्फ 360 विदेशी छात्र आए।
- पिछले साल यानी 2020 में इसी महीने में 91,250 छात्र आए थे।
- मौजूदा सरकारी आंकड़ों के मुताबिक फिलहाल देश में तीन लाख 74 हजार स्टूडेंट वीसा धारक हैं।
इंटरनैशनल एजुकेशन असोसिएशन ऑफ ऑस्ट्रेलिया (IEAA) के सीईओ फिल हनीवुड कहते हैं कि यह गिरावट हैरतअंगेज नहीं है।
एसबीएस पंजाबी से बातचीत में उन्होंने कहा, “दुनिया की एजुकेशन मार्किट्स में एक ऑस्ट्रेलिया ही है जिसकी सीमाएं पूरी तरह बंद हैं। लिहाजा यह गिरावट हैरान नहीं करती।”

इस महीने की शुरुआत में उप-प्रधानमंत्री माइकल मैकॉरमक ने कहा था कि ऑस्ट्रेलिया जुलाई में ट्रैवल बबल शुरू करने के लिए सिंगापुर के साथ बातचीत कर रहा है।
सिडनी मॉर्निंग हेरल्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक अगर यह समझौता हो जाता है तो अंतर्राष्ट्रीय छात्र सिंगापुर होते हुए ऑस्ट्रेलिया आ सकेंगे। इसके लिए उन्हें सिंगापुर में दो हफ्ते का एकांतवास पूरा करना होगा।
इस समझौते को लेकर फिल हनीवुड भी उत्साहित हैं। वह कहते हैं कि यह ऑस्ट्रेलिया के शिक्षा क्षेत्र की बढ़ती चिंताओं का एक हल हो सकता है।
वह कहते हैं, “नॉर्दर्न टेरिटरी ने एक अच्छी मिसाल कायम की है। पिछले सितंबर में चार्ल्स डार्विन यूनिवर्सिटी के 63 छात्र सिंगापुर के रास्ते वापस आए थे। वे उन्हीं पांच देशों चीन, हॉन्ग कॉन्ग, दक्षिण कोरिया, वियतनाम और जापान के थे जिन्हें सिंगापुर ने अपने यहां से ट्रांजिट की इजाजत दी थी।”
मौजूदा सरकारी आंकड़ों के मुताबिक फिलहाल देश में तीन लाख 74 हजार स्टूडेंट वीसा धारक हैं। महामारी से पहले यह संख्या पांच लाख 80 हजार थी।
