ऑस्ट्रेलिया में कोविड-19 वैक्सीन कार्यक्रम की शुरुआत रविवार को सिडनी के एक मेडिकल सेंटर से तय समय से एक दिन पहले ही हो गई।
मुख्य बातेंः
- ऑस्ट्रेलिया में कोविड-19 वैक्सीन कार्यक्रम की शुरुआत हो चुकी है।
- चरण 1ए की शुरुआत सोमवार 22 फरवरी से हुई।
- शुरुआती 6 सप्ताह के बाद प्राथमिक पंक्ति से इतर लोगों को भी टीका लगाया जाएगा।
हालांकि इस कार्यक्रम के चरण 1ए की शुरुआत सोमवार 22 फरवरी से हुई जिसमें करीब 14 लाख टीकों की खुराक अगले कुछ हफ्तों में होटल एकांतवास में काम करने वाले कर्मचारिय़ों, अग्रिम पंक्ति में काम करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों के अलावा एज्ड केयर में काम करने वाले कर्मचारियों और वहां के निवासियों को दी जाएगी.
कोविड वैक्सीन के बारे में आशंका को दूर करने के लिए अभियान
प्रधानमंत्री मॉरीसन ने कहा कि वैक्सीन लगवाना स्वैच्छिक है उन्होंने कहा कि टीका लगाने से संबंधित किसी भी सवाल या संकोच की स्थिति को दूर करने के लिए सार्वजनिक स्वास्थ्य विज्ञापन अभियान चलाया जा रहा है.
प्रधानमंत्री ने कहा कि टीकाकरण अभियान को सुचारू तौर पर चलान के लिए केंद्र सरकार राज्यों के साथ मिलकर काम कर रही है. हालांकि इसमें मुख्य चिकित्सा अधिकारियों की राय भी शामिल है.
क्वींसलैंड में टीका पाने वाले पहले समूह में 125 हज़ार निवासी शामिल होंगे जिन्हें कि अगले 6 हफ्तों में कोविड-19 प्रतिरोधक टीका लगाया जाएगा.

क्वीन्सलैंड की मुख्य चिकित्सा अधिकारी जेनेट यंग ने बताया कि राज्य सरकार होटल एकांतवास कर्मी, और अग्रिम पंक्ति में काम करने वाले कर्मचारियों के टीकाकरण की व्यवस्था कर रही है जबकि केंद्र सरकार एज्ड केयर और डिज्बिलिटी केंद्रों में रहने वाले लोगों के लिए व्यवस्था कर रही है.
उन्होंने कहा कि शुरुआती 6 सप्ताह के बाद बाकी लोगों को भी टीका लगाया जाएगा.
इज़राइल से आई रिपोर्ट जगाती है उम्मीद
इज़राइल में टीकाकरण की एक रिपोर्ट के मुताबिक फाइज़र के टीके की दो खुराक़ कोविड-19 वायरस के संक्रमण से बचने में 96 फीसदी असरकारक है.
इज़राइल में चल रहे टीकाकरण अभियान को दुनिया में सबसे तेज़ बताया जा रहा है. दिसंबर में टीकाकरण की शुरुआत के बाद से वहां पर करीब 47 फीसदी आबादी को कोविड टीके की एक खुराक दी जा चुकी है.
और करीब 32 फीसदी यानी 2.88 मिलियन लोगों को दोनों खुराक मिल गई हैं.

इज़राइल के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि आंकड़े दर्शाते हैं कि ये टीका गंभीर बीमारी के खिलाफ़ 99.2 फीसदी और मृत्यु से बचाने में 98.9 फीसदी प्रभावी है.
ऑस्ट्रेलिय़ा सरकार के मुख्य चिकित्सा अधिकारी पॉल कैली का कहना है कि सरकार का लक्ष्य वैक्सीन को ज्यादातर लोगों तक पहुंचाना और वायरस से होने वाली मौतों को कम करना है.
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