I Am A Man & All That Affects Mankind Concerns Me - Shahid Bhagat Singh
Prof Jagmohan Singh and Joginder Kaur- Nephew and Neice of Shahid Bhagat Singh Source: Shivnath Jha
कूर्रे खाक़ है, गरदिश में तपिश साई मेरी, मैं वो मजनू हूं जो जिंदा में भी आज़ाद रहा - भगत सिंह भगत सिंह कहते हैं कि मैं वो दीवाना हूं जो क़ैद में रहकर भी आज़ाद रहा. शहीद भगत सिंह अपनेआप में एक विचारधारा थे. और वह उस युग के लाखों नौजवानों को एक नई राह दिखाकर 23 मार्च 1931 को भारत माता के लिए शहीद हो गए. आइए, उनके जीवन पर प्रकाश डालते हैं और उनके भतीजे प्रोफेसर जगमोहन से भी उनके फलसफे के बारे में कुछ जानते हैं.प्रस्तुत है कुमुद मिरानी की ये विशेष रिपोर्ट
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