
कुछ लोगों के लिये ऑस्ट्रेलिया की परमानेंट रेजीडेंसी पाने के बाद सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो जाता है की वह यहाँ की नागरिकता लें या नहीं?
गोल्ड कोस्ट स्तिथ माइग्रेशन विशेषज्ञ सीमा चौहान बताती हैं की जहाँ ऑस्ट्रेलिया की पेरमन्नेट रेजीडेंसी के अपने फायदे हैं वहीँ नागरिकता लेने से यह दुगने हो जाते हैं.
पर वह यह भी साफ़ करती है की जहाँ ऑस्ट्रेलियाई सरकार को दोहरी नागरिकता से कोई आपत्ति नहीं है वहीँ भारत की सरकार ऐसा नहीं होने देती.
पेरमन्नेट रेसिडेंट्स से ऑस्ट्रेलिया की नागरिकता पाने की प्रक्रिया और उससे जुडे फायदों के बारे में जानिये अमित सारवाल की गोल्ड कोस्ट स्तिथ माइग्रेशन एजेंट और विशेषज्ञ सीमा चौहान के साथ इस ख़ास बातचीत में.




